सासाराम (बिहार): लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी ने बिहार के रोहतास जिले के सासाराम से अपनी 16-दिवसीय ‘वोटर अधिकार यात्रा’ की शुरुआत की। इस यात्रा का मकसद मतदाता सूची में कथित अनियमितताओं और ‘वोट चोरी’ के खिलाफ जनता को जागरूक करना है। इंडिया गठबंधन के प्रमुख नेताओं, जैसे राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के तेजस्वी यादव, और सामाजिक कार्यकर्ताओं के साथ यह यात्रा बिहार विधानसभा चुनाव 2025 से पहले लोकतंत्र को मजबूत करने का एक महत्वपूर्ण कदम है।

‘वोटर अधिकार यात्रा’ का उद्देश्य
राहुल गांधी ने इस यात्रा को ‘लोकतंत्र बचाओ’ अभियान का हिस्सा बताया, जिसका लक्ष्य संविधान और मतदाता अधिकारों की रक्षा करना है। उन्होंने आरोप लगाया कि मतदाता सूचियों में हेरफेर किया जा रहा है, खासकर दलित, पिछड़े, आदिवासी और अल्पसंख्यक समुदायों के वोटरों के नाम हटाए जा रहे हैं, जिसे वे लोकतंत्र पर हमला मानते हैं।सासाराम में एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने कहा, “महाराष्ट्र में एक करोड़ नए वोटर अचानक प्रकट हुए, और जहां ये वोटर आए, वहां परिणाम बदल गए। कर्नाटक में एक लोकसभा सीट पर 1 लाख से ज्यादा वोट चोरी हुए। अब बिहार में SIR (विशेष गहन पुनरीक्षण) के जरिए वोट चोरी की कोशिश हो रही है। हम इसे रोकने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

“यात्रा का शेड्यूल और रणनीति
यह यात्रा 17 अगस्त से 1 सितंबर 2025 तक चलेगी, जिसमें बिहार के 20-25 जिलों को कवर करते हुए लगभग 1,300 किलोमीटर की दूरी तय की जाएगी। इसका समापन पटना के गांधी मैदान में एक विशाल ‘वोटर अधिकार रैली’ के साथ होगा। प्रमुख पड़ाव:
- 17 अगस्त: सासाराम, डेहरी-ऑन-सोन
- 18-19 अगस्त: औरंगाबाद, गया, नवादा
- 21-23 अगस्त: जमुई, मुंगेर, भागलपुर, कटिहार
- 24-26 अगस्त: पूर्णिया, मधुबनी, दरभंगा
- 27-29 अगस्त: मुजफ्फरपुर, सीतामढ़ी, गोपालगंज
- 30 अगस्त: छपरा, आरा
- 1 सितंबर: पटना (समापन रैली)
यात्रा के दौरान राहुल गांधी और तेजस्वी यादव खुली जीप में जनता के बीच जाएंगे, जनसभाएं करेंगे और स्थानीय कार्यकर्ताओं से मुलाकात करेंगे। सासाराम से शुरूआत इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि यह क्षेत्र ऐतिहासिक और राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण है और इंडिया गठबंधन का मजबूत गढ़ माना जाता है।

सासाराम में जनसभा के मुख्य बिंदु
एसपी जैन कॉलेज मैदान में आयोजित जनसभा में राहुल गांधी ने कहा, “यह यात्रा बिहार के युवाओं, किसानों और मजदूरों की आवाज है। हम साफ-सुथरी मतदाता सूची के लिए लड़ रहे हैं। गरीबों और वंचितों के वोट छीने जा रहे हैं, जो संविधान के खिलाफ है।” उन्होंने बिहार की जनता से इस जनांदोलन में शामिल होने की अपील की।
तेजस्वी यादव ने कहा, “लोकतंत्र में सबसे बड़ा अधिकार है वोट देने का अधिकार। अगर यह छीना जा रहा है, तो हम चुप नहीं बैठेंगे। यह यात्रा बिहार के हर कोने में जाकर लोगों को उनके अधिकारों के लिए जागरूक करेगी।
“कांग्रेस के मीडिया प्रमुख पवन खेड़ा ने कहा, “यह यात्रा सिर्फ बिहार तक सीमित नहीं है। यह पूरे देश में मतदाता अधिकारों की रक्षा के लिए एक मिसाल बनेगी।
“यात्रा का रणनीतिक महत्व’वोटर अधिकार यात्रा’ का लक्ष्य
मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों को उजागर करने के साथ-साथ बिहार विधानसभा चुनाव से पहले इंडिया गठबंधन की एकजुटता को प्रदर्शित करना है। यह यात्रा जनता के बीच राजनीतिक माहौल बनाने और सत्ता पक्ष पर दबाव डालने की रणनीति का हिस्सा है। कांग्रेस और RJD का दावा है कि SIR प्रक्रिया में बड़े पैमाने पर अनियमितताएं हो रही हैं, जिसके तहत खास समुदायों के वोटरों के नाम हटाए जा रहे हैं।
आगे की राह
यह यात्रा न केवल बिहार बल्कि पूरे देश में मतदाता अधिकारों की रक्षा के लिए एक मिसाल कायम करने की कोशिश है। राहुल गांधी ने कहा, “यह सिर्फ बिहार की लड़ाई नहीं, बल्कि पूरे देश के लोकतंत्र की लड़ाई है। हम साफ-सुथरी मतदाता सूची बनवाकर रहेंगे।”यात्रा के दौरान विभिन्न जिलों में जनसभाएं, रैलियां और स्थानीय कार्यकर्ताओं के साथ बैठकें होंगी। यह बिहार विधानसभा चुनाव 2025 और 2029 के लोकसभा चुनाव से पहले विपक्ष की रणनीति को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।
राहुल गांधी की ‘वोटर अधिकार यात्रा’ बिहार में एक बड़े जनांदोलन की शुरुआत है। सासाराम से शुरू हुई यह यात्रा मतदाता सूची की कथित गड़बड़ियों को उजागर करने और लोकतंत्र की रक्षा के लिए जनता को एकजुट करने का प्रयास है। अगले 16 दिनों में यह यात्रा बिहार के सियासी माहौल को और गर्माएगी।
